FeatureStats

विश्वकप फाइनल में मैन ऑफ द मैच जीतने वाले खिलाड़ियों की सबसे मजबूत प्लेइंग इलेवन

Share The Post

आईसीसी क्रिकेट विश्वकप, इसमें शामिल होने वाले प्रत्येक देश के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण होता है। इतना ही नही, इस विश्वकप में खेलने वाले प्रत्येक खिलाड़ी और उस देश के प्रत्येक खेल प्रशंसक का सपना विश्वकप जीतना होता है। चूंकि, आईसीसी 50 ओवरों के विश्वकप का आयोजन प्रत्येक चार वर्ष बाद करता है। ऐसे में, प्रत्येक टीम इसकी ट्राफी पर कब्जा करने की कोशिश करती है।

Advertisement

विश्वकप में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन के बल पर ही जीता जा सकता है। क्योंकि इसमें किसी एक टीम नही बल्कि विश्व की तमाम मजबूत टीमों से मुकाबला होता है। कुछ खिलाड़ियों ने विश्वकप में अविश्वसनीय प्रदर्शन किया है। उनमें से कुछ ने 50 ओवर के विश्वकप के फाइनल में मैन ऑफ द मैच बनकर इसे अपने लिए यादगार बना लिया है।

Advertisement

आईसीसी का 50 ओवर का विश्वकप अब तक कुल 12 बार आयोजित किया जा चुका है। इसलिए हम इस सूची में उन 12 खिलाड़ियों की सबसे मजबूत टीम प्रस्तुत कर रहे हैं। जिन्होंने विश्वकप के फाइनल में मैन ऑफ द मैच पुरुस्कार हासिल किया है।

सलामी बल्लेबाज: एडम गिलक्रिस्ट और सर विवियन रिचर्ड्स

एडम गिलक्रिस्ट तीन बार विश्वकप विजेता टीम में रहे हैं। सबसे दिलचस्प यह है कि, तीनों ही मौकों पर उन्होंने बल्ले से अच्छा प्रदर्शन किया है। तीनों ही विश्वकप में गिलक्रिस्ट का बल्ला जमकर रन उगल रहा था। हालाँकि, उनका सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन साल 2007 में श्रीलंका के खिलाफ विश्व कप फाइनल में था जब उन्होंने एक प्रभावशाली शतक बनाया था। इस फाइनल में वह मैन ऑफ द मैच रहे थे।

Advertisement

सर विवियन रिचर्ड्स ने साल 1979 के विश्वकप फाइनल में लाजवाब प्रदर्शन कर्तव्य हुए मैन ऑफ द मैच अपने नाम किया था। उन्होंने अपनी टीम को दूसरी बार क्रिकेट विश्वकप ट्राफी में कब्जा करने के लिए विश्वकप फाइलन में शानदार 138 रन बनाए थे। हालांकि वह ओपनिंग उनके अनुकूल नहीं हो सकते हैं। लेकिन टीम में संतुलन स्थापित करने के लिए एडम गिलक्रिस्ट और उनकी जोड़ी बेहतरीन शुरुआत कर सकती है।

मध्य क्रम: रिकी पोंटिंग (कप्तान), मोहिंदर अमरनाथ, क्लाइव लॉयड और महेंद्र सिंह धोनी (विकेटकीपर)

इस टीम का मध्यक्रम एक तरह का ब्लॉकबस्टर होगा। क्योंकि इस टीम में दो सर्वकालिक महान कप्तान और मोहिंदर अमरनाथ तथा क्लाइव लॉयड जैसा मध्यक्रम का सर्वश्रेष्ठ बल्लेबाज उपस्थित होगा।

Advertisement

पूर्व ऑस्ट्रेलियाई कप्तान रिकी पोंटिंग 3 नम्बर पर बल्लेबाजी करेंगे और इस टीम की अगुवाई भी करेंगे। भारत के खिलाफ 2003 के विश्व कप फाइनल में उनके प्रदर्शन ने उन्हें मैन ऑफ द मैच अवार्ड दिलाया। क्लाइव लॉयड आईसीसी विश्व कप फाइनल में मैन ऑफ द मैच के पहले विजेता थे। 1975 में, उन्होंने फाइनल में शतक बनाया जिससे वेस्टइंडीज को खिताब जीतने में मदद मिली।

इस टीम के अन्य दो सदस्य भारतीय होंगे। साल 2011 के विश्वकप में महेंद्र सिंह धोनी के कारनामे को कोई भी नही भूला होगा। इसके अलावा, भारत को पहली बार विश्व विजेता बनाने के लिए साल 1983 में मोहिंदर अमरनाथ के बेहतरीन प्रदर्शन को भी याद रखना चाहिए। उन्होंने इस फाइनल में 26 रन बनाए और 12 रन देकर 3 विकेट भी लिए।

Advertisement

ऑलराउंडर : अरविंद डी सिल्वा और बेन स्टोक्स

दिग्गज श्रीलंकाई ऑल राउंडर अरविंद डी सिल्वा ने 1996 के विश्व कप फाइनल में शानदार शतक बनाने के अलावा तीन विकेट भी लिए थे। उनके इस शानदार प्रदर्शन ने उन्हें मैन ऑफ द मैच बनाया था।

साल 2019 का विश्वकप भी हर किसी के जहन में होगा। इस विश्वकप के फाइनल न्यूजीलैंड और इंग्लैंड आमने सामने थे। इंग्लैंड के लगातार विकेट गिरने के बाद ऑल राउंडर बेन स्टोक्स बल्लेबाजी करने आए और जमकर बल्लेबाजी की। इस मैच में उन्होंने नाबाद 84 रन बनाए। जिसने इंग्लैंड को प्रतियोगिता के इतिहास में शायद अब तक का सर्वश्रेष्ठ कप फाइनल जीतने में मदद की। बेन स्टोक्स इस विश्व कप फाइनल में मैन ऑफ द मैच थे।

Advertisement

गेंदबाज: जेम्स फॉकनर, वसीम अकरम और शेन वार्न

इस टीम में गेंदबाजी की बात करें तो जेम्स फॉकनर, वसीम अकरम और शेन वार्न इस इलेवन के लिए गेंदबाजी आक्रमण पूरा करेंगे। ऑस्ट्रेलियाई तेज गेंदबाज जेम्स फॉकनर ने 2015 वर्ल्डकप फाइनल में न्यूजीलैंड के बीच हुए मुकाबले में तीन विकेट लेकर कीवी टीम की कमर तोड़ दी थी। और ऑस्ट्रेलिया को विजेता बनने में मदद की थी।

पाकिस्तान के तेज गेंदबाज वसीम अकरम के प्रदर्शन के बारे में बात करें तो उन्होंने,1992 में विश्वकप फाइनल में 33 रन बनाए और 3 विकेट भी झटके थे। वसीम अकरम की इस गेंदबाजी के बल पर पाकिस्तान ने पहली बार विश्वकप अपने नाम किया था। विश्वकप के महानतम स्पिनर शेन वार्न ने साल 1999 के विश्व कप में शानदार गेंदबाजी की थी। उनका यह प्रदर्शन फाइनल मुकाबले में भी जारी रहा। इस विश्वकप के फाइनल में शेन वॉर्न ने 4 विकेट झटके थे। जिनके बल पर ऑस्ट्रेलिया ने दूसरी बार विश्वकप अपने नाम किया।

Advertisement
Advertisement
Advertisement


Share The Post

Related Articles

Back to top button